मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स (Mazagoan Dock Shipbuilders Ltd.)
जिन इंडेक्स की लिस्ट Tejii पर है, उनमें से मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स इनमें शामिल है: निफ्टी नेक्स्ट 50, निफ्टी 100, निफ्टी 200, निफ्टी इंडिया डिफेंस।
मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स क्या काम करती है
Mazagon Dock Shipbuilders रक्षा मंत्रालय के अधीन एक सरकारी कंपनी (PSU) है, जिसका शिपयार्ड मुंबई में है। यह भारतीय नौसेना के लिए युद्धपोत (destroyers, frigates) और पनडुब्बियाँ बनाती है और उनकी मरम्मत भी करती है। कंपनी तेल-गैस क्षेत्र के लिए offshore platforms और कुछ व्यावसायिक जहाज़ भी बनाती है।
मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स शेयर हाल में कितना चढ़ा या गिरा
ये पिछले बंद भाव तक के आंकड़े हैं, स्प्लिट और बोनस के हिसाब से समायोजित। यहां से यह पता चलता है कि भाव कब और कितना गिरा या चढ़ा; किस वजह से चला, यह कंपनी की अपनी खबरों और नतीजों से पता चलता है। शेयर क्यों गिरता या चढ़ता है — आम वजहें
एक साल में सबसे बड़ी गिरावट
पिछले 260 कारोबारी दिनों में इसकी सबसे बड़ी गिरावट 32% रही — 24 सितंबर 2025 को ₹2,940.20 के बंद भाव से 8 अक्टूबर 2026 को ₹1,990.00 तक। यह पहले हो चुका है; आगे फिर होगा या नहीं, यह कोई नहीं बता सकता।
यह शेयर अपने 52 हफ्ते के ऊंचे भाव से 29% नीचे है। यानी सबसे ऊपर खरीदने वाला अब तक घाटे में है।
पिछले एक साल में यह ₹1,987.70 से ₹2,995.00 के बीच रहा। इतना फर्क एक ही शेयर में एक साल के अंदर आ सकता है — और इसमें लगी रकम भी उसी हिसाब से घटती-बढ़ती है।
मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स शेयर सबसे ज्यादा किन दिनों गिरा
| तारीख | उस दिन |
|---|---|
| 2 फरवरी 2026 | -5.66% |
| 8 दिसंबर 2025 | -5.07% |
| 23 मार्च 2026 | -5.05% |
| 12 मई 2026 | -4.75% |
| 13 मार्च 2026 | -4.72% |
पिछले एक साल के सबसे बड़े एक-दिन के गिरावट, स्प्लिट और बोनस के हिसाब से समायोजित। किस खबर पर भाव गिरा यह इनसे पता नहीं चलता — उस दिन कंपनी के नतीजे, कोई बड़ी खबर या पूरे बाजार की गिरावट, तीनों में से कुछ भी हो सकता है।
आंकड़े क्या कह रहे हैं
RSI 42.93 है — 30 और 70 के बीच, यानी न ज्यादा खरीदारी न ज्यादा बिकवाली।
मूविंग एवरेज पिछले कुछ दिनों के औसत भाव को कहते हैं। यह शेयर अपने 20, 50 और 200 दिन के औसत में से 0 से ऊपर है। 200 दिन का औसत लंबी चाल दिखाता है — भाव उससे नीचे है।
आज का कारोबार औसत से 0.79x रहा।
ये शब्द समझने हैं?
अगर ऊपर की कोई बात समझ नहीं आई, तो पहले ये पढ़िए — इन्हीं आंकड़ों को शुरू से समझाया गया है।