सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया (Central Bank of India)
जिन इंडेक्स की लिस्ट Tejii पर है, उनमें से सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया इनमें शामिल है: निफ्टी स्मॉलकैप 250, निफ्टी PSU बैंक।
सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया क्या काम करती है
Central Bank of India भारत सरकार के स्वामित्व वाला एक सरकारी बैंक (PSU) है, जिसकी स्थापना 1911 में Sir Sorabji Pochkhanawala ने की थी और जिसका मुख्यालय मुंबई में है। यह आम लोगों, किसानों, छोटे कारोबारियों और कंपनियों को जमा, लोन और दूसरी बैंकिंग सेवाएँ देता है।
सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया शेयर हाल में कितना चढ़ा या गिरा
ये पिछले बंद भाव तक के आंकड़े हैं, स्प्लिट और बोनस के हिसाब से समायोजित। यहां से यह पता चलता है कि भाव कब और कितना गिरा या चढ़ा; किस वजह से चला, यह कंपनी की अपनी खबरों और नतीजों से पता चलता है। शेयर क्यों गिरता या चढ़ता है — आम वजहें
एक साल में सबसे बड़ी गिरावट
पिछले 260 कारोबारी दिनों में इसकी सबसे बड़ी गिरावट 27% रही — 26 फरवरी 2026 को ₹40.44 के बंद भाव से 2 जून 2026 को ₹29.62 तक। यह पहले हो चुका है; आगे फिर होगा या नहीं, यह कोई नहीं बता सकता।
यह शेयर अपने 52 हफ्ते के ऊंचे भाव से 24% नीचे है। यानी सबसे ऊपर खरीदने वाला अब तक घाटे में है।
पिछले एक साल में यह ₹29.32 से ₹40.92 के बीच रहा। इतना फर्क एक ही शेयर में एक साल के अंदर आ सकता है — और इसमें लगी रकम भी उसी हिसाब से घटती-बढ़ती है।
सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया शेयर सबसे ज्यादा किन दिनों गिरा
| तारीख | उस दिन |
|---|---|
| 22 मई 2026 | -7.81% |
| 30 मार्च 2026 | -4.76% |
| 23 मार्च 2026 | -4.71% |
| 19 मार्च 2026 | -4.46% |
| 4 मार्च 2026 | -4.31% |
पिछले एक साल के सबसे बड़े एक-दिन के गिरावट, स्प्लिट और बोनस के हिसाब से समायोजित। किस खबर पर भाव गिरा यह इनसे पता नहीं चलता — उस दिन कंपनी के नतीजे, कोई बड़ी खबर या पूरे बाजार की गिरावट, तीनों में से कुछ भी हो सकता है।
आंकड़े क्या कह रहे हैं
RSI 56.71 है — 30 और 70 के बीच, यानी न ज्यादा खरीदारी न ज्यादा बिकवाली।
मूविंग एवरेज पिछले कुछ दिनों के औसत भाव को कहते हैं। यह शेयर अपने 20, 50 और 200 दिन के औसत में से 2 से ऊपर है। 200 दिन का औसत लंबी चाल दिखाता है — भाव उससे नीचे है।
आज का कारोबार औसत से 2.46x रहा। इतना ज्यादा वॉल्यूम बताता है कि उस दिन कुछ खास हुआ था — खबर, नतीजे, या किसी बड़े सौदे।
ये शब्द समझने हैं?
अगर ऊपर की कोई बात समझ नहीं आई, तो पहले ये पढ़िए — इन्हीं आंकड़ों को शुरू से समझाया गया है।